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दूध ऐसे बहुत से महत्वपूर्ण पदार्थों जैसे कैल्शियम, पोटेशियम, फॉस्फोरस, राइबोफ्लेविन, विटामिन बी 12 आदि मिनरल्स से भरपूर होता है, जो की गर्भवती एवं गर्भस्थ शिशु दोनो के लिए फायदेमंद होते हैं। गर्भवती महिलाएं निः संदेह दूध का सेवन कर सकती हैं (यदि आप लैक्टोज असहिष्णु नहीं हैं) परंतु अत्यधिक दूध का सेवन करने के कुछ दुष्प्रभाव हो सकते हैं। आइए जानते हैं प्रेगनेंसी में दूध पीने का क्या फायदा होता है तथा इसका कितना सेवन करना चाहिए।

गर्भावस्था में दूध पीने के फायदे
गर्भावस्था में दूध पीने के फायदे निम्न हैं –

  • हमारी दादी नानी हमेशा से कहती आई है की दूध पीने से हड्डियां मजबूत होती हैं। ये बात मिथ नही है अपितु सत्य है क्यूंकि दूध कैल्शियम का बेहतरीन स्त्रोत होता है। यह आपकी रोज की कैल्शियम की आवश्यकता को पूरा करता है। इसके लिए आप प्रतिदिन 2–3 कप दूध पी सकती हैं ।
  • दूध में विटामिन डी प्रचुर मात्रा में होता है जो शिशु को रिकेट्स नामक रोग और जन्म के समय कम वजन होने का खतरा कम करता है। गर्भावस्था में प्रतिदिन आपको 10 माइक्रोग्राम की मात्रा में विटामिन डी की आवश्यकता होती है जिसकी पूर्ति दूध से हो सकती है।
  • दूध प्रोटीन का भी अच्छा स्त्रोत होता है और अक्सर महिलाएं अपने खान पान में सही तरीके से प्रोटीन नहीं लेती जो की जच्चे बच्चे दोनो के स्वस्थ के लिए अच्छा नहीं है। प्रोटीन आपके स्तनों के उतको को पोषण देने के अतिरिक्त गर्भाशय भी मजबूत करता है। इतना ही नहीं ये शिशु के विकास के लिए भी आवश्यक है।
    दूध आपको हाइड्रेटेड रखता है अर्थात ये आपके शरीर में निर्जलीकरण नही होने देता।
  • प्रेगनेंसी में अक्सर गैस और हार्ट बर्न की समस्याओं का सामना करना पड़ता है ऐसे में ठंडा दूध ( फ्रिज में रक्खा हुआ दूध) पीने से हार्ट बर्न की समस्या में कुछ आराम मिल सकता है। परंतु जाड़े के मौसम में ठंडे दूध का सेवन न करें।

गर्भावस्था के दौरान दूध की कितनी मात्रा का सेवन करना चाहिए?
वैज्ञानिकों के अनुसार गर्भावस्था में आप प्रतिदिन 2 से 3 कप दूध का सेवन कर सकती हैं। यदि आपको एलर्जी है तो आपको दूध का सेवन नहीं करना चाहिए। आपको कितना दूध पीना चाहिए, इसके लिए एक बार चिकत्सक ( स्त्री प्रसूति विशेषज्ञ) एवं डाइटीशन से परामर्श अवश्य करना चाहिए।

गर्भावस्था के दौरान कैसा दूध पीना चाहिए?
बाजार में कई प्रकार के दूध जैसे स्किम्ड, पाश्चराइज्ड, फुल क्रीम, कच्चा दूध आदि तरह के दूध उपलब्ध हैं। यदि आप गर्भवती है तो–

  • बाजार में पेकेट में मिलने वाला दूध अक्सर पाश्चराइज्ड होता है। पाश्चराइजेशन एक प्रक्रिया है जिसके द्वारा एक निश्चित तापमान पर कच्चे दूध में उपस्थित सारे कीटाणु को नष्ट किया जाता है और यह दूध आपके एवं आपके शिशु के स्वस्थ के लिए अच्छा होता है।
  • यदि आपका वजन नहीं बढ़ रहा तो इसके लिए आप फुल क्रीम दूध का सेवन कर सकते है। इसमें वसा की मात्रा अधिक होती है।
  • बाजार में स्किम्ड दूध भी आता है जिसमें वसा की मात्रा कम होती है और इसके सेवन से कोलेस्ट्रॉल भी नही बढ़ता है। आप इस दूध का भी गर्भावस्था में सेवन कर सकती हैं।
  • यदि आपके यहां ग्वाला आता है तो वह कच्चा दूध लाता है। ऐसे दूध में लिस्टेरिया नामक बैक्टेरिया पाया जाता है जिससे रोग हो सकता है। इसीलिए कच्चे दूध का कदापि सेवन न करें। आप दूध को उबाल कर ही पिए।